मकर संक्रांति भारत के प्रमुख पर्वों में से एक है, जिसे सूर्य के मकर राशि में प्रवेश के रूप में मनाया जाता है। वर्ष 2026 में मकर संक्रांति का पर्व धार्मिक और सामाजिक दृष्टि से खास माना जा रहा है। इस दिन दान-पुण्य का विशेष महत्व होता है और माना जाता है कि सही वस्तुओं का दान करने से पुण्य फल की प्राप्ति होती है।

मकर संक्रांति पर दान का महत्व
धार्मिक मान्यता के अनुसार, मकर संक्रांति के दिन किया गया दान कई गुना फल देता है। यह दिन सूर्य देव को समर्पित होता है और दान करने से जीवन में सुख-समृद्धि, स्वास्थ्य और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।
मकर संक्रांति 2026 पर क्या-क्या दान करें
1. तिल का दान
तिल का दान मकर संक्रांति पर सबसे शुभ माना जाता है। इससे पापों से मुक्ति और मानसिक शांति मिलती है।
2. गुड़
गुड़ का दान संबंधों में मधुरता और जीवन में सकारात्मकता लाने वाला माना जाता है।
3. खिचड़ी
कई राज्यों में मकर संक्रांति को खिचड़ी पर्व भी कहा जाता है। खिचड़ी का दान स्वास्थ्य और अन्न-पूर्णता का प्रतीक है।
4. चावल
चावल का दान आर्थिक स्थिरता और अन्न भंडार की वृद्धि से जोड़ा जाता है।
5. कंबल या वस्त्र
जरूरतमंदों को कंबल या गर्म कपड़े दान करने से पुण्य की प्राप्ति होती है, खासकर ठंड के मौसम में।
6. घी
घी का दान समृद्धि और शुभता का प्रतीक माना जाता है।
7. तांबे के बर्तन
सूर्य से जुड़े होने के कारण तांबे के पात्र का दान विशेष फलदायी माना जाता है।
8. तिल से बनी मिठाइयाँ
तिल के लड्डू या मिठाइयों का दान सुख-शांति और सौहार्द बढ़ाता है।
9. धन का दान
अपनी सामर्थ्य के अनुसार धन का दान करना भी शुभ माना गया है, खासकर गरीबों और ब्राह्मणों को।
दान करते समय किन बातों का रखें ध्यान
दान हमेशा श्रद्धा और स्वच्छ मन से करना चाहिए। दान की गई वस्तु नई या उपयोग योग्य होनी चाहिए। किसी पर दबाव डालकर या दिखावे के लिए किया गया दान फलदायी नहीं माना जाता।
मकर संक्रांति 2026 का संदेश
मकर संक्रांति केवल एक पर्व नहीं, बल्कि समाज में सेवा, सहयोग और करुणा का भाव जगाने का अवसर है। इस दिन किया गया दान न सिर्फ धार्मिक पुण्य देता है, बल्कि जरूरतमंदों के जीवन में भी राहत लाता है।
अंतिम बात
मकर संक्रांति 2026 पर तिल, गुड़, खिचड़ी और वस्त्र जैसे दान करना शुभ और फलदायी माना जाता है। यदि आप इस दिन सही भावना और सामर्थ्य के अनुसार दान करते हैं, तो इसका सकारात्मक प्रभाव पूरे वर्ष देखने को मिलता है।
